घर के मुखिया पर पूरे परिवार को संभालने की जिम्मेदारी होती है: अजय गुप्ता


दीपेन्द्र सिंह—उप सम्पादक

समीक्षा न्यूज   

करे-कोई,भरे-कोई यह कहावत सिद्ध हो रही है,उत्तर प्रदेश सरकार के मुखिया माननीय योगी जी के लिए,कुछ असामाजिक तत्व और उनकी नरआत्मक सोच ने,फिर योगी जी के लिए एक समस्या खड़ी कर दी,पर योगी जी का दावा नहीं बख्शा जाएगा कोई भी असामाजिक तत्व


घर के मुखिया पर पूरे परिवार को संभालने की जिम्मेदारी होती है,ऐसे ही प्रदेश के मुखिया माननीय योगी नाथ जी पर पूरे प्रदेश को संभालने की जिम्मेदारी है,पर करता कोई है भरता पड़ता है सरकार को,लखीमपुर खीरी की घटना एक बहुत ही दुर्भाग्यपूर्ण हैं,जिसका पूरा देश,पूरा समाज निंदा करता है,चाहे वह गोरखपुर में वैश्य समाज के एक कुलदीपक के साथ हुआ हो,चाहे मुरादनगर श्मशान घाट पर,सरकार को कानून बनाना चाहिए,जो असामाजिक तत्व कानून व्यवस्था को बिगड़ता है,उसका हर्जाना उससे वसूल किया जाए ना,कि सरकारी खजाने से,गोरखपुर मैं जो भी मनीष गुप्ता के साथ हुआ, बहुत गलत हुआ,पर उस वक्त एक भी विपक्षी दल ने अपनी प्रतिक्रिया जाहिर नहीं की,आज पूरा विपक्ष अपनी राजनीतिक रोटियां सेकने के लिए लखीमपुर खीरी की तरफ भाग रहा है,योगी जी का दावा है किसी भी मुलजिम को बख्शा नहीं जाएगा,उस पर सख्त कार्यवाही की जाएगी,चाहे वह किसी भी पार्टी का हो,पर आम नागरिक को यह सोचने की जरूरत है,ऐसे लोगों की मानसिकता से प्रशासनिक और शासनिक अधिकारियों की कितनी परेशानियां बढ़ जाती है,इस पर हर देशवासी को मंथन करना पड़ेगा,जय-हिंद अजय गुप्ता राष्ट्रीय उपाध्यक्ष उद्योग व्यापार मंडल एवं समाजसेवी