स्वर्गीय तिलक राज शर्मा का साहित्य प्रेम अद्भुत रहा है: रामदुलार यादव


धनसिंह—समीक्षा न्यूज  

गाजियाबाद। रामदुलार यादव समाजसेवक गाजियाबाद ने कहा कि 11/81 निवासी श्रद्धेय स्वर्गीय तिलक राज शर्मा रेलवे में कार्यरत रहे, वह मेरे बहुत ही नजदीकी रहे, उनका साहित्य प्रेम अद्भुत रहा है, उन्होंने अपने जीवन काल में विज्ञान, साहित्य, पाश्चात्य विचारको, भारतीय मनीषियों, विद्वानों कवियों लेखकों द्वारा लिखित पुस्तकों का संग्रह किया हुआ था। उपन्यास, कहानी, कविता, राजनीति शास्त्र, इतिहास, दर्शनशास्त्र से अंग्रेजी, हिंदी, उर्दू के उदभट विद्वानों की 210 पुस्तकें उनके परिवार ने लोक शिक्षण अभियान ट्रस्ट को सप्रेम भेंट करते हुए कहा कि आदरणीय तिलक राज शर्मा जी के मन में यह भाव रहा कि इन पुस्तकों को वहां पर भेट किया जाए जहां छात्र, छात्राएं तथा प्रबुद्ध जन इसे पढ़कर ज्ञान अर्जित कर समाज में प्रेरणा दे। उनके विचार के अनुरूप आज उनके द्वारा संग्रहित पुस्तक नेता श्री सुभाष चंद्र पुस्तकालय, नि :शुल्क वाचनालय खोड़ा मकनपुर गाजियाबाद महामना मदन मोहन मालवीय नि :शुल्क पुस्तकालय 5/65 वैशाली सेक्टर संत कबीर पुस्तकालय नि:शुल्क रेलवे रोड साहिबाबाद, डॉ0 ए0 पी0 जे0 अब्दुल कलाम नि:शुल्क पुस्तकालय में लोक शिक्षण अभियान ट्रस्ट द्वारा प्रेषित की गई, है छात्रों ने मुझे बताया कि सारी ही पुस्तके उच्च कोटि की है तथा महान मनीषियों और विद्वानों द्वारा लिखी गई है, संस्था ने स्वर्गीय तिलक राज शर्मा जी के प्रति कृतज्ञता व्यक्त करते हुए उनके परिवार के प्रति आभार व्यक्त करती है कि उन्होंने पुस्तक भेंट कर सराहनीय और प्रेरणादायक कार्य किया है, सप्रेम भेंट करने वाले प्रमुख रहे संजीव शर्मा, नीतू शर्मा, मानव शर्मा, विशाखा शर्मा, मानवी शर्मा, केशव मित्तल, मनी मित्तल, वाणी मित्तल के प्रति आभार व्यक्त किया है। आभार व्यक्त करने वाले प्रमुख रहे लोक शिक्षण अभियान ट्रस्ट के संस्थापक /अध्यक्ष राम दुलार यादव, समाजवादी पार्टी के जिला महासचिव वीरेन्द्र यादव एडवोकेट, धीरेंद्र यादव, महिला उत्थान संस्था की राष्ट्रीय अध्यक्ष बिंदु राय, विभूति नारायण उपाध्याय, चक्रधारी दुबे, विजय भाटी, राजू यादव, फौजू उद्दीन, सुभाष यादव, सुनील, सुधा, आदि।