वीरेन्द्र यादव ने पण्डित महामना मदन मोहन मालवीय नि:शुल्क पुस्तकालय में की पुस्तकें भेंट


समीक्षा न्यूज संवाददाता

साहिबाबाद। जिला महासचिव एडवोकेट वीरेन्द्र यादव समाजवादी पार्टी जनपद गाजियाबाद ने पण्डित महामना मदन मोहन मालवीय नि:शुल्क पुस्तकालय, वाचनालय में एनसीआरटी क्लास 6 से 12 तक की, प्रतियोगी छात्रों के लिए उच्च सरकारी सेवाओं की, उच्च शिक्षा, कानून और न्यायाधीश की तैयारी, क्यूश्चन बैंक की 6, तथा तीन दर्जन से अधिक पुस्तकें 5/65 वैशाली, साहिबाबाद विधान सभा क्षेत्र में भेंट की। और कहा कि “लोक शिक्षण अभियान ट्रस्ट” शिक्षा के क्षेत्र में अनुकरणीय और प्रेरणादायक काम कर रहा है, इस संस्था द्वारा 6 नि:शुल्क पुस्तकालय और वाचनालय संचालित हो रहे हैं। हमारी संस्था का उद्देश्य हर वर्ग में ज्ञान की गंगा का प्रवाह करना है, संस्था चाहे कितनी ही मूल्य की पुस्तक की मांग छात्रों द्वारा की जाती है, समय से अविलम्ब उपलब्ध कराती है, लोक शिक्षण अभियान ट्रस्ट शिक्षा के माध्यम से सामाजिक, राजनैतिक, शैक्षणिक, सांस्कृतिक परिवर्तन की लड़ाई लड़ रहा है। तथा आर्थिक रूप से संवृद्धि प्राप्त लोगों को सन्देश दे रहा कि शिक्षा के प्रचार-प्रसार में अपना अमूल्य योगदान दें। समाज के जिन वर्गों में शिक्षा का प्रसार बहुत ही दयनीय स्थिति में है जो अन्तिम पायदान पर खड़े हैं लेकिन वह पुस्तक के अभाव में सरकारी सेवा की पुस्तकों को न खरीदने की क्षमता वाले लोगों को पुस्तकें उपलब्ध कराने का काम करती है। हमारे यहाँ सभी पुस्तकालयों में सभी प्रकार की सुविधाएँ बच्चों के लिए उच्चकोटि की उपलब्ध कराई जाती है।

वीरेन्द्र यादव एडवोकेट ने कहा कि यह पुस्तकालय समाज और देश में व्याप्त असमानता, नफ़रत, असहिष्णुता को दूर करने के साथ-साथ समाज में सद्भाव, भाईचारा, प्रेम, सहयोग की भावना को बढ़ावा देने का कार्य कर रहा है, देश में जातिवाद, धार्मिक पाखण्ड, दंभ और झूठ बोलकर भ्रम और अन्धविश्वास फैलाया जा रहा है उसे दूर करने का प्रयास भी कर रहा है।



कार्यक्रम में शिक्षाविद प्रमोद कुमार ने विचार व्यक्त करते हुए कहा कि हम संस्थापक राम दुलार यादव और वीरेन्द्र यादव एडवोकेट के आभारी हैं, जिन्होंने वैशाली में इतना बड़ा और बेजोड़ पुस्तकालय, वाचनालय की स्थापना की, यहाँ की व्यवस्था छात्रों और वैशाली की जनता के लिए बहुत ही बड़ी उपलब्धि है, यह इस क्षेत्र के लिए गर्व और गौरवपूर्ण है, और वरदान से कम नहीं है।

संस्था के संस्थापक/अध्यक्ष राम दुलार यादव ने शिक्षा के महत्व को छात्रों को समझाते हुए कहा कि जब आप लोगों को स्वर्णिम अवसर प्राप्त हो जाय, कहीं भी उच्च सेवा में आपका चयन हो जाय, तो बिना राग और द्वेश के समता और समानता के साथ शिक्षा समाज के अन्तिम छोर पर खड़े व्यक्ति तक पहुँचाने की कोशिश करना, मेरा यह विश्वास है आप लोगों में यह गुण विद्यमान है। पुस्तकालय के संचालक उच्च शिक्षित छात्र चक्रधारी दूबे, सोनीत सोम, छात्रा प्रीती बसोर ने पुस्तकालय में प्राप्त उच्चकोटि की सुविधाओं की सराहना की, तथा कहा कि यहाँ चाहे कितनी ही महँगी पुस्तक की मांग छात्रों द्वारा की जाती है अविलम्ब मंगवाई जाती है। 

कार्यक्रम में राम दुलार यादव, वीरेन्द्र यादव एडवोकेट, मुकेश शर्मा, प्रमोद कुमार शिक्षाविद, प्रमोद कुमार निमेष एडवोकेट, संजू शर्मा, बिन्दू राय, चक्रधारी दुबे, अंशु ठाकुर, अवधेश यादव, गुड्डू यादव, सहदेव गिरी महराज ने छात्र, छात्राओं के उज्जवल भविष्य की कामना की, रेवा, सोनित सोम, फराह, प्रीति, अंकुश, आयुषी, रिचा, अनिल शर्मा प्रमुख रूप से उपस्थित रहे। कार्यक्रम में अग्रलिखित पुस्तकें भेंट की गयी: एटलस, 151 निबंध, भारतीय कान्ट्रैक्ट्स एक्ट फैमिली लॉ, भारतीय अर्थव्यवस्था, भारतीय कला एवं संस्कृति, विशिष्ट समसामयिक निबंध, 27 इयर प्रीवियस इयर पेपर, जुडिसियल सर्विस प्रथम व द्वितीय, संविधान, एनसीआरटी 6 से 12 तक की पुस्तकें, अंग्रेजी संवाद, क्विश्चन बैंक, शिक्षा तकनीकी, शिक्षा के दार्शनिक एवं समाजशास्त्रीय परिदृश्य, हिन्दी शिक्षण, समकालीन भारत एवं शिक्षा, सामाजिक विज्ञानं शिक्षण प्रमुख रही।