राम दुलार यादव द्वारा छात्र-छात्राओं की मांग पर तीन दर्जन पुस्तकें की भेंट


समीक्षा न्यूज संवाददाता

साहिबाबाद। लोक शिक्षण अभियान ट्रस्ट द्वारा संचालित पण्डित मदन मोहन मालवीय नि:शुल्क पुस्तकालय, वाचनालय 5/65 वैशाली, गाजियाबाद के प्रांगण में संस्था के संस्थापक/अध्यक्ष शिक्षाविद राम दुलार यादव द्वारा छात्र-छात्राओं की मांग पर इतिहास, समाजशास्त्र, राजनीति शास्त्र, भूगोल, हिन्दी, अंग्रेजी साहित्य, स्वतंत्रता सेनानियों, शहीदों के व्यक्तित्व और कृतित्व पर आधारित तथा अध्यात्मिक सन्त-महात्माओं के अनमोल वचन पर लिखित तीन दर्जन से अधिक पुस्तकें भेंट की गयी। 

छात्र-छात्राओं को सम्बोधित करते हुए शिक्षाविद राम दुलार यादव ने कहा कि लोक शिक्षण अभियान ट्रस्ट का उद्देश्य प्रतियोगी छात्रों को उच्चकोटि की सामान्य ज्ञान की पुस्तकें, पत्रिकाएँ उपलब्ध करना है जिससे वह परीक्षा में अच्छा से अच्छा प्रदर्शन कर अपने लक्ष्य को प्राप्त कर सकें, आज कमरतोड़ मंहगाई, भयंकर बेरोजगारी, आर्थिक संकट जन-जन के सामने है, अविभावक मंहगी पुस्तकें खरीदने में असमर्थ है, संस्था बच्चों के लिए हर सम्भव प्रयास कर रही है, पुस्तकालय में बच्चे लगन और मेहनत से पढ़ रहे है, हम वर्तमान सरकार से मांग करते है कि बेरोजगारी की समस्या पर प्राथमिकता के आधार पर ध्यान दे, जिससे बच्चों की मेहनत सफल हो, वह अपनी सेवा से देश, समाज के लिए उपयोगी सिद्ध हो सके। झूठे वादे से किसी का भला नहीं होगा, जब तक नौकरी सृजित नहीं होती, तथा जो भी राज्यों और केन्द्र सरकार में रिक्त पद है उन्हें भी प्राथमिकता के आधार पर भरने की व्यवस्था सुचारू रूप से होनी चाहिए, उन्होंने बच्चों से भी कहा कि जब आपका चयन हो जाय तो ईमानदारी, नैतिकता से मानव और देश के सर्वांगीण विकास के लिए कार्य करना संस्था का उद्देश्य पूर्ण और सफल होगा। महिला उत्थान संस्था की राष्ट्रीय अध्यक्ष बिन्दू राय ने प्रतियोगी छात्र-छात्राओं के उज्वल भविष्य की कामना की। जो पुस्तके भेंट की गयी उनके नाम बताये जैसे श्रुति और स्मृति, हमारे राष्ट्रीय गीत, जलियावाला बाग, विवेकानंद की कहानी, अमर शहीद भागता सिंह, रानी लक्ष्मी बाई, आचार्य विनोवा भावे, प्राचीन भारत की स्त्री-रत्न, भारतीय कला, भारतेन्दु हरिश्चंद, भास के नाटक, पूर्वोत्तर भारत के स्वातंत्र्य वीर, तात्या टोपे, नाना साहेब पेशवा, भारत के गौरव भाग 1 व 2, प्राचीन भारत, आधुनिक भारत के निर्माता, रजिया सुल्तान, तिरुव्लुवर, 1857 के शहीद, प्राचीन भारत का इतिहास, आधुनिक भारत, आर0वी0 रमन, प्रवासी क्रान्तिकारी, गुरु नानक से गुरु ग्रन्थ साहब तक, बदरुद्दीन तैयब जी, मध्यकालीन भारत, सुब्रह्मणयम भारती, नेल्सन मंडेला, नवीन करणीय उर्जा संसाधन, स्वतंत्रता की लड़ाई, भारत के राष्ट्रीय उद्यान, शहीदों के ख़त, गुरुदेव रवीन्द्र नाथ, खुदीराम बोस, आदिवासी और स्वतंत्रता आन्दोलन, स्वतंत्रता सेनानियों के यादों के झरोखे, गुरु नानक, अमीर खुसरो आदि| पुस्तक वितरण के मौके पर चक्रधारी दूबे, बिन्दू राय, ऋचा शर्मा, शानू, प्रिया, सोनक वर्मा, सुमित, शैलेश कुमार आदि मौजूद रहे।